क्यों?
तुम्हारे चुप रहने से
दुखी होने से
मुझे दर्द होता है
क्यों ?
तुम्हारे किसी गैर के साथ रहने से
हंसी ठिठोले करने से
उसके बारे में मुझसे भी ज्यादा सोंचने से
उसके लिए कुछ करने से
मुझे दूरी का अहंसास होता है
क्यों ?
हमेशा मैंने चाह की तुम मेरे पास रहो
तुम मेरे ही साथ रहो
मेरे होकर रहो.......
ये दर्द
ये अहंसास
ये चाह
आखिर........
मुझे सिर्फ ''तुम'' ही से क्यों है ?